panchayattantra24.-महासमुंद। केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा प्रारंभ की गई पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना आम नागरिकों के लिए ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक प्रभावी कदम साबित हो रही है। इस योजना के माध्यम से देश सहित जिले के आवासीय परिवारों को अपनी बिजली स्वयं उत्पन्न करने के लिए प्रोत्साहित करना है। इसके अंतर्गत 5 किलोवाट तक के सोलर रूफटॉप सिस्टम पर केंद्र सरकार द्वारा 78,000 रुपए तथा राज्य सरकार द्वारा 30,000 रुपए तक की सब्सिडी प्रदान की जा रही है। इस योजना से आम जनता को आर्थिक राहत मिलने के साथ ही अक्षय ऊर्जा को भी बढ़ावा मिल रहा है।
वर्तमान में अब तक महासमुंद जिले के 2548 हितग्राही इस योजना का लाभ उठा रहे हैं। अब तक कुल 7146 नागरिकों ने इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन किया है तथा 6620 हितग्राहियों द्वारा वेंडर का चयन कर लिया गया है। सभी हितग्राहियों ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का आभार जताया है और लोगों से अपील की है कि हर घर को इस योजना से जुड़ना चाहिए। आज हम सिर्फ उपभोक्ता नहीं, बल्कि बिजली उत्पादक और पर्यावरण रक्षक भी बन सकते हैं।
इमली भाठा निवासी श्रीमती ऊषा साहू ने बताया कि पीएम सूर्य घर योजना से उन्हें नियमित और सस्ती ऊर्जा मिल रही है। इससे बिजली बिल में काफी कमी आई है और परिवार की आर्थिक बचत भी बढ़ी है। हैं। इसी तरह महासमुंद निवासी यामिनी यदु ने कहा कि इस योजना के माध्यम से सोलर पैनल लगवाने में शासन से सब्सिडी मिली, जिससे खर्च कम हुआ। अब घर में दिनभर बिजली उपलब्ध रहती है और अतिरिक्त बिजली ग्रिड में देने से भी लाभ मिल रहा है। इससे मकान और मन दोनों ऊर्जित रहता है।
पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से लाभान्वित हितग्राही कुम्हार पारा निवासी श्री गेंद लाल साहू ने बताया कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत उनके घर की छत पर सोलर पैनल लगने से अब बिजली बिल लगभग शून्य हो गया है। पहले हर महीने बिजली बिल की चिंता रहती थी, लेकिन अब सौर ऊर्जा से घर की जरूरतें पूरी हो रही इसी तरह वर्धमान नगर महासमुंद निवासी श्री घनश्याम ध्रुव ने कहा कि सोलर पैनल लगने के बाद बिजली कटौती की समस्या खत्म हो गई है। अब घर में पंखा, कूलर और अन्य उपकरण आसानी से चल पाते हैं। उन्होंने बताया कि यह योजना पर्यावरण के लिए भी लाभकारी है। सौर ऊर्जा के उपयोग से बिजली की बचत हो रही है और घर का मासिक खर्च भी कम हुआ है।
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