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पिथौरा । पिथौरा पुलिस थाना में प्रमोद सेगर ने लूट की झूठी घटना रचकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की थी जिसका साइबर सेल पिथौरा पुलिस के स्पेशल टीम ने 24 घंटे से पहले ही किया पर्दाफाश कर दिया है.पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह की स्पेशल टीम ने बारीकी से प्रार्थी प्रमोद सेगर की बातों को सुना.उसके बाद जब प्रमोद से सवाल पूछे गए तो वो घुमा फिराकर उनका जवाब देने लगा. जिससे पुलिस को लगने लगा की जरूर कुछ दाल में काला है।
पुलिस की टीम ने प्रमोद से जुड़ी एक एक एक चीज पर पड़ताल करना प्रारंभ किया,उसने कब कब बैंक में पैसा जमा किया है कितना किया है, पहले क्या काम करता था व छोड़ने की वजह क्या थी? सभी जानकारियों के साथ जब टीम ने प्रार्थी प्रमोद को रात से घेरना चालू किया तो वह सुबह आते आते टूट गया,पर इस बीच उसने कई कहानियों से टीम को गुमराह करने की कोशिश की.उसने बताया कि कर्ज होने की वजह से और जमा किये गए पैसे को खर्च कर देने के वजह से झुठी लूट कि कहानी रची थी,वह अपने साथ काम करने वाले ऑफिस के लोगों को कहा कि वह पैसे जमा करने महासमुन्द जा रहा है ।
बैग को लेकर अपनी प्लेटिना गाड़ी से महासमुन्द कि ओर निकल जाता है ,और तय किये गए जगह पर अपने एक साथी निहाल कुर्रे पिता मोतीलाल उम्र 20 वर्ष ग्राम पचरी तथा एक नाबालिक साथी को लूट की कहानी गढ़ने वाली जगह पर बुलाया और उसके साथी ब्लेड लेकर डीलक्स गाड़ी से आते हैं और उसके कपड़े फाड़ कर शर्ट के बटन तोड़ कर बैग को ब्लेड से काटकर डुमरपाली जंगल की ओर से बैग को जंगल मे एक पत्थर के नीचे छुपाकर पुनः गांव में चले गये ,प्रमोद सेंगर के दोनों साथियों ने बताया कि उसने उन्हें इस काम के लिए दो-दो हजार रुपये दिये थे ,प्रमोद ने उन्हें बैग को जला देने कि बात कही थी पर वो डर के मारे उसे जला नहीं पाए ,टीम ने तीनों साथियों से बैग ,लूट की कहानी में प्रयुक्त दोनो मोटरसाइकिल ,04 नग मोबाइल और 73 हजार रुपये बरामद कर लिया है इस प्रकार 24 घंटों से पहले ही साइबर सेल की टीम ने लूट की झूठी रची गई कहानी का पर्दाफाश कर दिया है.ये पूरी कार्यवाही पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह के मार्गदर्शन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर के निर्देशन में की गई।

कोरबा । सर्वमंगला पुल से आगे कुसमुंडा डंपिंग के पीछे रेत का अवैध उत्खनन और भंडारण का बड़ा मामला मंगलवार को पकड़ाया। लगभग 200 ट्रेक्टर अवैध रेत का उत्खनन कर भंडारण किया जा रहा था। उत्खनन के लिए लगे जेसीबी और परिवहन में लगे ट्रैक्टरों को एसडीएम ने जप्त कर लिया है। वहीं एसडीएम के पहुंचने से ठीक पहले माइनिंग की टीम भी पहुंची थी लेकिन दिखाने के लिए आधी गाडिय़ों पर ही कार्रवाई की गई।
मंगलवार को कलेक्टर किरण कौशल ने कटघोरा एसडीएम अजय उरांव को इस मामले को लेकर कार्रवाई के निर्देश दिया। इसकी भनक माइनिंग विभाग को लग गई। माइनिंग विभाग की टीम मौके पर पहुंची। आधी गाडिय़ों पर कार्रवाई करते रिपोर्ट दी कि कार्रवाई कर दी गई है। इसके कुछ देर के बाद कटघोरा एसडीएम अजय उरांव खुद मौके पर पहुंचे। तब स्पॉट पर धड़ल्ले से रेत का अवैध उत्खनन और भंडारण जारी था। जेसीबी, हाइवा समेत कई ट्रेक्टर मौके पर लगे हुए थे। एसडीएम को देख आधे लोग भाग निकले।
विभाग ने जेसीबी व ट्रैक्टर को जप्त कर लिया। वहीं दो सौ ट्रैक्टर रेत को सीज कर लिया गया। इस मामले में माइनिंग विभाग की पोल खुल गई। माइनिंग विभाग के कार्रवाई के बाद भी अवैध उत्खनन चल रहा था। आधी अधूरी कार्रवाई की गई थी, लेकिन एसडीएम की कार्रवाई के बाद से माइनिंग विभाग अब सवालो के घेरे में है।

धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में कुछ दिन पहले हुए युवक की हत्या की शिनाख्त हो गयी है। दरअसल, घर से गोवा घूमने जाने के लिए निकले युवक की हत्या कर उसकी लाश को गंगरेल डैम में डाल दिया गया। पुलिस ने इस अंधे कत्ल को सुलझाने के लिए अपना जाल फैला दिया है। उसके दोस्तों और परिजनों से पूछताछ की जा रही है।
पुलिस के अनुसार रायपुर जिले के मुड़पार खरोरा निवासी गोविंदा ढीमर (24) पिता श्यामलाल विगत 21 अप्रैल को अपने घर से गोवा घूमने जाने के नाम से निकला था। इस बीच 22 अप्रैल को उसने अपने परिजनों से भी बातचीत की। फिर उसके बाद दोबारा संपर्क नहीं हुआ। परिजन इससे परेशान हो गए। इस बीच मृतक का भाई गोकुल ढीमर अपने दोस्तों के साथ उसकी खोजबीन करते हुए गंगरेल डैम में आया। फोटो दिखाकर वह पूछताछ कर रहा था, तभी कुछ लोगों ने उसे जानकारी दी कि एक अज्ञात युवक की लाश मिली है। इसके बाद वह सीधे रूद्री थाना पहुंचा।
यहां पुलिस ने जब मृतक का फोटो दिखाया, तो उसने अपने भाई के रूप में इसकी शिनाख्त की। इसके बाद सोमवार को उसके परिजनों ने मृतक के जीस कपड़े-पैंट, जूते और हाथ में कड़ा देखकर उसकी पुष्टि कर दी। गौरतलब है कि पिछले 28 अप्रैल को गोविंदा ढीमर की लाश डैम में मिली थी। उसके दोनों हाथ सामने की ओर से रस्सी से बंधे हुए थे। उसके सीने में पत्थर से भरा एक बैग भी मिला। पुलिस का कहना है कि हत्या करने के बाद उसकी लाश को डूबाने के उद्देश्य से बैग में पत्थर रखकर उसे फेंक दिया गया था। पुलिस ने उसकी शिनाख्त करने के लिए अपने स्तर पर काफी खोजबीन भी की। इस बीच जब कोई पता नहीं चला तो 30 अप्रैल को स्वर्गधाम सेवा समिति ने उसका अंतिम संस्कार भी कर दिया।
फोटोग्राफी का शौक : पुलिस ने बताया कि युवक गोविंदा ढीमर मोबाइल रिपेयरिंग और फोटोग्राफी का काम करता था। उसे सैर सपाटे का काफी शौक था। अक्सर वह अपने दोस्तों के साथ रमणीयक स्थलों में जाकर फोटोग्राफी करता था। इस सिलसिले में वह पूर्व में भी कई बार गंगरेल डैम आ चुका था। बहरहाल, पुलिस यह पता लगा रही है कि अंतिम समय उसके साथ कौन था।
चाकू मारकर हत्या : इधर, युवक की शिनाख्त होते ही रूद्री पुलिस की जांच में तेजी आ गई है। पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ धारा 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज किया है। पीएम रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने बताया कि आरोपी ने पहले गोविंदा के पेट में चाकू से हमला किया है। इसके बाद उसका गला दबाकर मौत के घाट उतार दिया। पश्चात साक्ष्य छुपाने उसकी लाश गंगरेल बांध में फेंक दिया।

धमतरी । देशभर में अक्षय तृतीया पर्व 7 मई को धूमधाम से मनाया जा रहा है। 16 साल बाद ग्रहों का महासंयोग बनने से इस पर्व का महत्व और बढ़ गया है। इस पर्व में सोना-चांदी की खरीदी को शुभ माना जाता है, जिसके चलते पर्व के पहले ही सराफा बाजार ग्राहकों से गुलजार हो गया है।
होगी सैकड़ों शादियां
उल्लेखनीय है कि धर्मशास्त्रों में अक्षय तृतीय के पर्व का विशेष महत्व बताया गया है। इस दिन सुबह से स्नान कर पूजा-अर्चना और दान-पुण्य करने से व्यक्ति को अक्षय फल मिलता है। इसी मान्यता के चलते पर्व को हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है। इस साल अक्षय तृतीय के पर्व पर सैकड़ों शादियां होगी। इसे लेकर वर और वधु के पक्ष के लोग तैयारी में जुटे हुए हैं। अक्षय तृतीय में शादी करने के लिए किसी मुहूर्त का इंतजार नहीं करना पड़ता है। यही कारण है कि लोग शादी की तैयारी में लगे हुए हैं। उधर 16 साल बाद महासंयोग बनने से इस पर्व में मंदिरों में हवन-पूजन का कार्यक्रम भी होगा।
16 साल बाद बन रहा महासंयोग
विद्वत परिषद के अध्यक्ष पंडित होमन प्रसाद शास्त्री, राजकुमार तिवारी ने बताया कि अक्षय तृतीया पर योग चर्तुग्राही योग बन रहा है। 16 वर्ष बाद सूर्य, शुक्र, राहु व चंद्र उच्च राशि वृष में प्रवेश करेंगे। अक्षय तृतीया के इस पर्व में दान-पुण्य करना श्रेष्ठ माना गया है।
सोने की कीमत गिरी
उधर अक्षय तृतीय पर्व के नजदीक आते ही सराफा बाजार ग्राहकों से गुलजार हो गया है। सराफा व्यवसायी विनय पारख, प्रकाश लुंकड़ ने बताया कि शादी का सीजन होने के चलते सोना और चांदी से बने आभूषणों की डिमांड बनी हुई है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में 24 कैरेट सोना 32,400 तथा 23 कैरेट सोना 31,500 रूपए में बिक रहा है। जबकि चांदी 378 रूपए प्रति तोला हैं। पिछले एक सप्ताह में सोना की कीमत में 600 रूपए की गिरवट आई है। इसी का नतीजा है कि ग्राहक सोना और चांदी से बने आभूषणों की डिमांड बढ़ गई है।

पिथौरा । राष्ट्रीय राजमार्ग-53 डुमरपाली चौक के पास दिन दहाड़े रिकवरी एजेंट से एक लाख रुपए की लूट हो गई. आरोपी जंगल के रास्ते फरार हो गया. लुटेरे युवक मोटर साइकिल में सवार थे. युवक की शिकायत के बाद पिथौरा पुलिस मामले की जांच में जुट गई है. पुलिस अलग-अलग टीमें गठित कर आरोपी की तलाश कर रही है।
घटना पिथौरा थाना क्षेत्र की है. पुलिस ने बताया कि प्रमोद सेगर पचरी निवासी युवक पेमेंट लेकर पिथौरा से महासमुंद जमा करने जा रहा था. तभी राष्ट्रीय राजमार्ग 53 डुमरपाली चौक के पास लुटेरे पैसे से भरा बैग छीनकर डुमरपाली जंगलों की ओर भाग निकला. आरोपी बिना नंबर के गाड़ी से घटना को अंजाम दिया है. लुटे गए रुपए 1 लाख 24 हजार है।
पीड़ित की सूचना के बाद पिथौरा पुलिस घटना स्थल पर पहुंच गई. पुलिस पूरे मामले की बारीकी से जांच कर रही है. पीड़ित युवक को घटना स्थल पर ले जाकर पुलिस ने जांच की. जंगलों के भीतर खोजबिन की गई. अनुविभागीय पुलिस अधिकारी कौशलेद्र पटेल व क्राईम ब्रांच की टीम मौके पर पहुंचे।
महासमुंद पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है. पूरे इलाके में नाकेबंदी कर दी गई है. कुछ संदिग्ध लोगों का हुलिया जारी किया गया है. साथ ही पीडित व्यक्ति से पूछताछ की जा रही है।
कवर्धा । सरदार वल्लभ भाई पटेल सहकारी शक्कर कारखाना पंडरिया, कवर्धा में एक बार फिर कार्य में लापरवाही देखने को मिली है. रविवार रात कर्मचारियों के सोने की वजह से कारखाने का डायर हाउस पूरी तरह से भर जाने से शक्कर नीचे आने लगा. नीचे गिरने वाली शक्कर की मात्रा थोड़ी बहुत नहीं बल्कि पूरे हजारों क्विंटल में है।
कारखाने के डायर हाउस में शक्कर बोरियों में पैक की जाती है. ड्यूटी में लगे कर्मचारियों के सो जाने की वजह से डायर हाउस पूरी तरह से भर गया और नीचे गिरने लगा. इस संबंध में रवि चंद्रवंशी ने बताया कि शक्कर को बोरियों में पैक करने के लिए प्रति माह 5 लाख रुपए के हिसाब से ठेके पर दिया गया है. अनुभवहीन मजदूरों से काम करवाए जाने की वजह से शक्कर गिरने की घटना सामने आई है. उन्होंने डायर हाउस के ठेका को बन्द कर 600 से अधिक कर्मचारियों से काम लेने की मांग की
लेबर कांट्रेक्टर को देंगे नोटिस
कारखाने के एमडी जायसवाल ने घटना की जानकारी नहीं होने की बात कहते हुए मामले की जांच करने का आश्वासन दिया. उन्होंने अपने नई नियुक्ति का हवाला देते हुए कहा कि अभी चीजों का समझने का प्रयास कर रहा हूं. मामले में लापरवाही पाए जाने पर लेबर कांट्रेक्टर को नोटिस जारी कर जानकारी ली जाएगी. इसके बाद लापरवाही की पुष्टि होने पर कार्रवाई करने की बात कही।

रायगढ़ । रविवार दोपहर इतवारी बाजार में अचानक गैस का सिलेंडर फट जाने से बाजार में अफरा-तफरी मच गई। सिलेंडर फटने से हुई तेज आवाज के बाद बाजार में दहशत का माहौल रहा। इस दुर्घटना में कोई जान-माल का नुकसान तो नहीं हुआ, लेकिन धमाके से मुर्गा दुकान में रखे कई मुर्गों के चिथड़े उड़ गए तो वहीं दीवार भी क्षतिग्रस्त हो गई है।
जानकारी के मुताबिक इतवारी बाजार में पीछे की तरफ मटन, चिकन और मछली आदि के व्यापारियों को जगह दी गई है। यहां पर विनोद सिंह और भास्कर दास नाम के युवकों ने भी अपनी मांस की दुकान लगाई है। यह अपने साथ एक छोटा सिलेंडर लेकर आए थे और दोपहर करीब सवा तीन बजे गैस में पानी गर्म कर रहे थे। इसी दौरान अचानक सिलेंडर में आग लग गई। आग इतनी तेज भड़क गई कि लोग अपनी-अपनी दुकाने छोड़कर भाग गए। थोड़ी ही देर में सिलेंडर तेज धमाके के साथ फट गया और इससे कुछ पल के लिए पूरा इतवारी बाजार दहल गया।
सिलेंडर फटने वाले स्थाने लगभग 200 मीटर दूर जाकर अलग-अलग दिशा में सिलेंडर के दो टुकड़े गिरे थे वहीं सिलेंडर फटने वाले स्थान के पास रखी साइकिल के दो टुकड़े हो गए तो कई मुर्गों के चिथड़े हो गए। इतना ही नहीं इतवारी बाजार के पीछे बनी दीवार भी क्षतिग्रस्त हो गई है। लोगों का कहना है कि धमाका इतना तेज था कि यदि कोई नजदीक होता तो उसकी जान चली जाती। जिस दुकान में धमाका हुआ उसके ऊपर लगी तिरपाल पूरी तरह से फट गई।
बाजार के बीच कैसे पहुंचा सिलेंडर : सिलेंडर फटने की इस दुर्घटना में कई लोगों की जान जा सकती थी और इसके लिए पूरी तरह से जिला प्रशासन जिम्मेदार होता। नियमानुसार छोटे सिलेंडर का उपयोग अमानक बताया गया है। गैस उत्पादक कंपनियां अपने यहां अलग-अलग साइज के छोटे बड़े सिलेंडर देती हैं वहीं मान्य होते हैं।
लेकिन प्रशासनिक लापरवाही के चलते अमानक सिलेंडर खुलेआम बाजार में बिक रहे हैं और उनमें गैस रिफिल भी की जा रही है।

धमतरी। एक ऐसा मामला सामने आया है जिसमे एक युवक नाबालिग की मांग में सिंदूर भरकर दूसरे शहर ले गया और फिर लड़की के साथ दुष्कर्म किया। जब पुलिस में युवक को पकड़ा तो… यह मामला मगरलोड ब्लाक के करेली बड़ी थाना क्षेत्र का है। न्यायालयीन सूत्रों के मुताबिक एक गांव की नाबालिग लडक़ी को शादी का झांसा देकर ग्राम खर्रा निवासी हेमलाल यादव ने उसे रायपुर ले गया और वहां जाकर दुष्कर्म किया। यही नहीं बीते 28 नवंबर 2018 को उसकी इच्छा के विरूद्ध आर्य समाज में ले जाकर उससे शादी भी कर लिया। इधर, नाबालिग के पिता की रिपोर्ट पर पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज दर्ज कर लिया।
पुलिस ने पीडि़ता को आरोपी हेमलाल यादव के कब्जे से बरामद कर लिया। प्रार्थियां की शिकायत के बाद आरोपी के खिलाफ धारा 363,366,376-2 भादंस एवं धारा 6 पाक्सो एक्ट के तहत जुर्म दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। विवेचना के बाद पुलिस ने केस डायरी न्यायालय में पेश किया, जहां मामले की अंतिम सुनवाई विशेष न्यायालय
में हुई।
फैसला एक नजर में : न्यायाधीश छमेश्वर लाल पटेल ने मामले में सभी सबूतों को देखने और गवाहों को ेसुनने के बाद आरोपी हेमलाल यादव पर दोष सिद्ध पाया। इसके बाद उसे आरोपित धाराओं के तहत 10 साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई। 5 सौ रुपए अर्थदंड से भी दंडित किया। अर्थदंड की राशि अदा नहीं करने पर उसे 6 माह अतिरिक्त सजा भुगतना पड़ेगा। शासन की ओर से लोक अभियोजक राजकुमार सोनी ने पैरवी की।

कोरबा । युवक की हत्या कर नेवसा के जंगल में फेंकी गई लाश की गुत्थी पुलिस सुलझाने के करीब पहुंच गई है। मामला ऑनर किलिंग से जुड़ा है। अभी तक पांच व्यक्ति पुलिस की गिरफ्त में हैं।
प्रारंभिक जानकारी के आधार पर सूत्रों ने बताया कि ग्राम मांगामार के रहने वाले संजय आंडिल का संबंध हरदीबाजार चौकी क्षेत्र के एक गांव में रहने वाली युवती से चल रहा था। युवती की शादी तय हो गई थी। इस बीच एक मई को संजय अपने एक अन्य दोस्त के साथ युवती से मिलने गया था। युवक युवती के घर में चोरी-छिपे मिल रहा था। युवती के रिश्तेदारों ने देख लिया। नाराज होकर दोनों को फटकार लगाई। संजय को बहला फुसलाकर नेवसा जंगल की ओर ले गए। जंगल के करीब सड़क पर स्थित एक पुल के नीचे युवक को धक्का देकर फेंक दिया। गंभीर चोट लगने से युवक की मौत हो गई। इसके बाद शव को उठाकर जंगल में फेंककर फरार हो गए थे। अभी तक पुलिस ने लगभग पांच लोगों को हिरासत में लिया है। गोलू और नवल नाम के दो लोग शामिल हैं। हिरासत में लिए आरोपियों से पुलिस पूछताछ कर रही है। सोमवार को पुलिस मामले का खुलासा कर सकती है।
शनिवार को मिली थी लाश : हरदीबाजार चौकी क्षेत्र में ग्राम नेवसा के पास शनिवार को जंगल में एक लाश मिली थी। मृतक की जेब से आधार कार्ड मिला था। इसके जरिए पहचान हुई थी। जांच आगे बढ़ी तो ऑनर किलिंग से जुड़ गई।

कोरबा। ब्याज के लिए घर में घुसकर एसईसीएल कर्मी को धमकाने और गाली गलौज के आरोप में पुलिस ने पिता-पुत्र के खिलाफ अजाक थाने में केस दर्ज किया है। आरोपियों की पतासाजी की जा रही है। प्रारंभिक जांच के आधार पर पुलिस ने बताया कि गिरधारी कंवर एसईसीएल में जनरल मजदूर के पद पर कार्यरत है। कंपनी की आवासीय कॉलोनी बलगी के आवास बी-45 में रहता है। उसने वर्ष 2010 में पुत्र की शादी के लिए दिनेश्वर मेहता नाम के व्यक्ति से दो लाख रुपए उधार लिया था। दिनेश्वर ने पैसे के बदले गिरधारी की पासबुक, चेकबुक और एटीएम कार्ड को गिरवी रख लिया था।
गिरधारी का आरोप है कि दिनेश्वर ने पैसे के बदले 10 फीसदी ब्याज की दर से प्रत्येक माह 20 हजार रुपए की राशि वसूल किया। गिरधारी ने पुलिस को बताया है कि अभी तक उसने 20 से 21 लाख रुपए मूलधन व ब्याज के तौर पर दिनेश्वर को लौटाया है। इसके बाद भी दिनेश्वर पासबुक, चेकबुक और एटीएम कार्ड नहीं लौट रहा था। परेशान होकर गिरधारी ने मामले की शिकायत की। इसके बाद दिनेश्वर ने गिरधारी को चेकबुक और पासबुक लौटा दिया, लेकिन एटीएम कार्ड को नहीं लौटाया। गिरधारी ने बैंक से दूसरा एटीएम कार्ड जारी करवाया।
एक मुश्त मांग रहे थे पांच लाख रुपए : गिरधारी ने पुलिस को बताया कि 11 अप्रैल की सुबह दिनेश्वर का पुत्र अविनाश उसके घर पहुंचा। ब्याज के तौर पर 20 हजार रुपए की मांग की। गिरधारी ने आर्थिक स्थिति का हवाला देकर पैसे देने से मना किया, तब अविनाश ने घर में घुसकर गिरधारी को धमकाया। उससे गाली गलौज की। डर से गिरधारी ने 10 हजार रुपए अविनाश को दिया, लेकिन वह ब्याज की राशि 20 हजार रुपए से कम लेने को तैयार नहीं हुआ। इसे लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद हो गया।
अविनाश ने अपने पिता दिनेश्वर को गिरधारी के घर बुलाया। दोनों एक मुश्त पांच लाख रुपए की मांग कर रहे थे। इसके बाद ही सूद पर लिए गए पैसे की खाता बंद करने को तैयार थे।
गिरधारी ने घटना की सूचना बांकीमोंगरा थाने में दी। पुलिस ने दिनेश्वर और उसके पुत्र अविनाश के खिलाफ आदिवासी व्यक्ति के घर में घुसकर धमकाने और पैसे की मांग करने का केस दर्ज किया है।